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बाल यौन उत्पीडन से सुरक्षा , सम्मान और न्याय दिला रही सृजन

admin 26 Jan 2023 Nudge and Behavioral Economics

बाल यौन उत्पीडन से सुरक्षा , सम्मान और न्याय दिला रही सृजन
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सृजन सामाजिक संस्था

राजनांदगाव जिले के एक गाँव में रहने वाली 17 साल की एक बालिका रौशनी (परिवर्तित नाम) अपने माता-पिता, दो बड़े भाई-बहन और एक छोटी बहन के साथ रहते हुए कक्षा ग्यारहवीं में अध्ययनरत थी। उनके घर में उसके पिता के दोस्त मनसुख खान का बहुत आना जाना था। रौशनी बहुत सुन्दर थी और मनसुख उस पर गलत नजर रखता था। किसी न किसी बहाने वो रौशनी के आसपास ही रहता था। उसने चोरी से रौशनी की फोटो भी अपने मोबाइल में ले ली थी। एक दिन जब रौशनी किसी काम से मनसुख के घर गई तो उसने अकेलेपन का फायदा उठाकर रौशनी के साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाया और फोटो भी ले ली। बालिका रौशनी ने सृजन सामाजिक संस्था द्वारा प्राप्त चाइल्ड हेल्पलाईन टोल फ्री नम्बर 1098 में फोन कर घटना की जानकारी दी। बालिका को बुलाकर उसकी काउन्सिल की गई और संबंधित थाने में रिपोर्ट दर्ज करायी गई। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।

समाज में बाल भिक्षा वृत्ति, बाल यौन शोषण विषय पर लोगों में जागरूकता बढ़ी है।

·      समाज में किसी कुरीति को रोकने के लिए सिर्फ उस विषय की जानकारी और ज्ञान पर्याप्त नहीं है, इस हेतु लोगों का व्यवहार परिवर्तन की दिशा में ठोस कदम उठाने की कोशिश होनी चाहिए।